मान्यता प्राप्त संस्थाएं
परिषद पुनर्वास के क्षेत्र में प्रशिक्षण और शिक्षा के विविध पहलुओं के बारे में नीतिगत मानक निर्धारित करता है।भारतीय पुनर्वास परिषद अधिनियम,1992 के उपबंधों के अनुसार सभी संस्थाओं को भारतीय पुनर्वास परिषद से मान्यता लेनी होगी । पुनर्वास प्रशिक्षण कार्यक्रम संचालित करने की इच्छुक अथवा ऐसे कार्यक्रम को पहले से ही संचालित कर रही संस्थाएं मान्यता हेतु भारतीय पुनर्वास परिशद को आवेदन करें जिनमें उपाधि/डिप्लोमा/प्रमाणपत्र प्रदान किए जाते है।
भारतीय पुनर्वास परिषद के निरीक्षण विशेषज्ञ दल द्वारा संस्थाओं की आधारभूत सुविधाओं का मूल्यांकन करने के पश्चात, पुनर्वास के क्षेत्र में प्रशिक्षण पाठ्यक्रम संचालित करने के लिए उन्हें (संस्थाओं को) मान्यता दी जाएगी।प्रतिवर्ष 31 दिसम्बर तक उचित माध्यम से प्राप्त आवेदन पर आगामी शैक्षिक वर्ष के लिए विचार किया जाएगा बशर्तें कि सभी औपचारिकताएं पूरी कर ली गई हों ।
पुनर्वास प्रशिक्षण पाइयक्रम में प्रवेश के इच्छुक अभ्यर्थियों के लिए अनुदेश
पुनर्वास के क्षेत्र में प्रशिक्षण पाठ्यक्रम में प्रवेश लेने के इच्छुक अभ्यर्थियों को सलाह दी जाती है कि वे भारतीय पुनर्वास परिषद द्वारा मान्यता प्राप्त संस्थाओं में ही प्रवेश लें। किसी ऐसी संस्था, जो भारतीय पुनर्वास परिषद द्वारा मान्यता प्राप्त नहीं है, से कोई पठ्यक्रम अथवा प्रशिक्षण प्राप्त करने के पश्चात प्राप्त किसी पुनर्वास अर्हता को रोजगार चित्र प्रेक्टिस के लिए वैध नहीं माना जाएगा । पाठ्यक्रमों के साथ अनुमोदित संस्थाओं की सूची आम जानकारी के लिए समाचार पत्रों में प्रतिवर्ष मार्च/अप्रैल में प्रकाशित की जाती है । 31 मार्च, 2003 की स्थिति के अनुसार, ऐसी संस्थाओं की अध्यतन सूची इस प्रकार हैः
प्रवेश के लिए संबंधित संस्था से संपकर् करें
इस सूची में और संस्थाएं जोड़ी जा रही हैं । किसी स्पष्टीकरण के लिए भारतीय पुनर्वास परिषद से संपकर् करें ।
उच्चतर शिक्षण संस्थाओं में रैगिंग निषेध से सम्बन्धित विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के अधिनियम,२००९ |